रिपोर्ट : राजेंद्र शर्मा एक बात माननी पड़ेगी। 2022 में ही नहीं, 2014 के बाद से हर साल, मोदी जी ने एक वादा सौ टका पूरा किया है — वह सब हो रहा है, जो उनसे पहले वाले सत्तर साल में भी नहीं कर पाए थे। माना कि मोदी जी ने अच्छे दिन का […]
रिपोर्ट : राजेंद्र शर्मा एक बात माननी पड़ेगी। 2022 में ही नहीं, 2014 के बाद से हर साल, मोदी जी ने एक वादा सौ टका पूरा किया है — वह सब हो रहा है, जो उनसे पहले वाले सत्तर साल में भी नहीं कर पाए थे। माना कि मोदी जी ने अच्छे दिन का […]
रिपोर्ट : राजेंद्र शर्मा चाहे तो मोदी सरकार इसे अपने लिए सुप्रीम कोर्ट का नव वर्ष का उपहार मान सकती है। 2016 के 8 नवंबर को नरेंद्र मोदी ने, रात 8 बजे राष्ट्र को संबोधित करते हुए, चार घंटे बाद ही, मध्य रात्रि से पांच सौ रुपए तथा हजार रुपए के नोटों का चलन […]
Read More… from मीलॉर्ड! नोटबंदी कानूनी हो सकती है, पर सही नहीं!
रिपोर्ट : राजेंद्र शर्मा शुक्र मनाएं, 2022 खत्म हो रहा है। उसके साथ ही बेशर्म रंग पर मचा हुड़दंग भी खत्म हो रहा है। क्या हुआ कि जोशी जी वाले सेंसर बोर्ड को अपने धक्के से खत्म करने के बाद, बेशर्म हुड़दंग खत्म हो रहा है; कम से कम खत्म तो हो रहा है? […]
रिपोर्ट : बादल सरोज सामान्य रस्म और रिवाज गुजरे साल का गुणगान और आने वाली वर्ष के लिए उम्मीदों के पहाड़ खड़े करने की है। मगर 2022 के लिए यह औपचारिक रस्मअदायगी भी नहीं की जा सकती। यह साल अनेक अशुभों, पीड़ाओं और त्रासदियों के जख्मों को छोड़कर और अनगिनत आशंकाओं के दरवाजे खोलकर […]

रिपोर्ट : राजेंद्र शर्मा हम तो पहले ही कह रहे थे। नये भारत में सब कुछ तो नया-नया है। नयी सरकार है। नयी सरकार पार्टी है। तिरंगे वाले की बगल में ही सही, नया राष्ट्रीय ध्वज है, भगवा वाला। राष्ट्रगान की बगल में दूसरा वाला राष्ट्रगीत भी है। अनौपचारिक ही सही, नया संविधान है, […]
रिपोर्ट : बादल सरोज फिल्म को जनवरी में रिलीज होना है और हुड़दंगियों ने अभी से तूमार खड़ा करना शुरू कर दिया है। पूरे का पूरा गिरोह टूट पड़ा है। स्वयंभू साधुओं से लेकर सांसद, मंत्रियों से लेकर बजरंगियों तक सब के सब एक ही काम पर लगे हैं। “तोड़ दो, फोड़ दो, मिटा दो, […]
बस्तर में भी मना किसान दिवस, उठी एमएसपी की मांग, देश में चौधरी चरण सिंह के बाद उनके जैसा एक भी किसान हितैषी नेता नहीं हुआ, वरना किसानों की दुर्दशा नहीं होती : डॉ राजाराम त्रिपाठी, किसानों और खेती को अब आगे और हाशिए पर नहीं रखा जा सकता, डॉ त्रिपाठी सभी […]
Read More… from एमएसपी-गारंटी नहीं तो किसानों का वोट नहीं: डॉ राजाराम त्रिपाठी
रिपोर्ट : राजेंद्र शर्मा भाई बड़ा कन्फ्यूजन है। ये केसरिया रंग की इज्जत बचाने के लिए किस को थैंक यू देना है? मध्य प्रदेश वाले पं. नरोत्तम मिश्र को — बेचारे को चिकित्सा शिक्षा से लेकर गृह तक, न जाने कितने मंत्रालयों को अनाथ छोडक़र, खासकर फिल्म और टीवी वालों से और हां विज्ञापनों […]

रिपोर्ट : राजेंद्र शर्मा मोदी सरकार के कानून मंत्री, किरण रिजजू ने संसद के चालू शीतकालीन सत्र के दौरान राज्य सभा में प्रश्नकाल के दौरान पूरक प्रश्नों का उत्तर देते हुए, देश भर में पांच करोड़ से ज्यादा मामले अदालतों के सम्मुख विचाराधीन पड़े होने की दुहाई दी। फिर, अपनी सरकार को इस मामले में […]
Read More… from क्या यह न्यायपालिका के खिलाफ युद्ध का ऐलान है?
रिपोर्ट : राजेंद्र शर्मा मोदी जी के विरोध के चक्कर में ये विरोध वाले लगता है कि एंटीनेशनलता की सारी हदें ही पार कर के मानेंगे। बताइए! मुंबई में डबल इंजन की सरकार झुग्गी-झोंपडिय़ों को हरे-केसरिया पर्दे के पीछे छुपाने की कोशिश कर रही है, तो इन्हें इससे भी परेशानी है। कहते हैं, गरीबी […]
रिपोर्ट : राजेंद्र शर्मा लगता है कि अमृत वर्ष भी यूं ही निकल जाएगा। पर मेरा भारत महान, सबसे महान तो क्या, महा-महान भी नहीं बन पाएगा। नहीं, ऐसा नहीं है कि मोदी की तरफ से कोशिश में कोई कमी है। बेचारे मोदी जी तो अपनी तरफ से प्राणपण से लगे हुए हैं। सुना […]
रिपोर्ट : बृंदा करात G-20 समूह के अध्यक्ष के रूप में भारत के सामने हर दिन नई बाधाएं आती हैं। प्रधान मंत्री के शब्दों में, यह इस बात का सबूत है कि भारत में “दुनिया का इतना समृद्ध और जीवित लोकतंत्र है।” लेकिन ये बाधाएं आम नागरिकों द्वारा नहीं, बल्कि केंद्र सरकार और […]
Read More… from एक “समृद्ध और जीवित लोकतंत्र” में प्लांटेड षडयंत्र

रिपोर्ट : राजेंद्र शर्मा “अगर हिंदू राष्ट्र बन जाता है, तो बेशक इस देश के लिए एक भारी खतरा पैदा हो जाएगा। हिंदू कुछ भी कहें, पर हिंदुत्व स्वतंत्रता, बराबरी और भाईचारे के लिए एक खतरा है। इस आधार पर लोकतंत्र के अनुपयुक्त है। हिंदू राज को किसी भी कीमत पर रोका जाना चाहिए।” […]
रिपोर्ट : राजेंद्र शर्मा देखा ना, मोदी विरोधियों की एंटीनेशनलता खुलकर सामने आ ही गयी। इनसे दुनिया पर भारत की बादशाहत तक नहीं देखी जा रही। उसमें भी पख लगाने लगे। बताइए, जब तक जी-20 की अध्यक्षता नहीं आयी थी, तब तक तो कह रहे थे कि अपना नंबर कब आएगा। इंडोनेशिया तक का […]
रिपोर्ट : बादल सरोज पिछले सप्ताह बनारस में गंगा किनारे, तमिलनाडु से चुन–चुनकर बुलाये गए 2500 अपनों के बीच बोलते हुए प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने कहा है कि “काशी भारत की सांस्कृतिक राजधानी है, जबकि तमिलनाडु और तमिल संस्कृति भारत की प्राचीनता और गौरव का केंद्र है।” उन्होंने बताया कि “संस्कृत और तमिल दोनों […]
Read More… from गंगा किनारे हिलोरें लेता तमिल प्रेम का पाखंड
रिपोर्ट : राजेंद्र शर्मा विरोधियों ने क्या हद्द ही नहीं कर दी। कह रहे हैं, बल्कि भगवा-भाइयों से पूछ रहे हैं और अकेले-दुकेले में नहीं, सारी पब्लिक को सुनाकर पूछ रहे हैं कि सीता जी को क्यों भुला दिया? जय सिया राम में से सिया को बाहर का रास्ता क्यों दिखा दिया? सिया को […]

रिपोर्ट : राजेंद्र शर्मा राष्ट्रपति जी ने यह ठीक नहीं किया। संविधान दिवस का मौका था तो क्या हुआ, उन्हें मोदी की बात नहीं काटनी चाहिए थी। संविधान में उनकी कुर्सी सबसे ऊंची होने से क्या हुआ, उन्हें पीएम जी के कहे से बाहर नहीं जाना चाहिए था। बताइए, मोदी जी ने संविधान दिवस […]
रिपोर्ट : राजेंद्र शर्मा अब क्या सुप्रीम कोर्ट को भी क्या मोदी विरोधियों वाली बीमारी लग गयी है। बताइए, मोदी जी जो भी करें, उसी से दिक्कत है। चुनाव आयोग में सीट छ: महीने से ज्यादा खाली रखी, तो प्राब्लम कि सीट इतने दिन खाली क्यों रखी। अब जब ताबड़तोड़ अरुण गोयल साहब को चुनाव […]
रिपोर्ट : बादल सरोज दिल्ली के महरौली में 27 वर्ष की युवती श्रद्धा वाल्कर के साथ हुयी वीभत्सता ने पूरे देश के इंसानों को सन्न और स्तब्ध करके रख दिया है। उसकी पहले निर्ममता के साथ हत्या की गयी, उसके बाद उसके शरीर टुकड़े–टुकड़े करके अलग–अलग दिन इधर–उधर फेंक दिए गए। हत्यारा – जो […]
इसी 21 नवंबर को बस्तर विश्वविद्यालय में पीएचडी मौखिकी शहीद महेन्द्र कर्मा विश्वविद्यालय, बस्तर, जगदलपुर प्रशासनिक भवन स्थित सभागार में , कला संकाय के अंतर्गत हिन्दी विषय में पीएच.डी. पाठ्यक्रम में पंजीकृत शोधार्थी अखिलेश कुमार त्रिपाठी द्वारा शोध प्रबंध विषय “हल्बी बोली पर अन्य भाषाओं का प्रभाव” पर शोध कार्य पूर्ण करने उपरांत मौखिकी परीक्षा […]
Read More… from अखिलेश को मिली हल्बी भाषा में पीएचडी, रियासत कालीन बस्तर स्टेट की राजभाषा थी हल्बी

रिपोर्ट : राजेंद्र शर्मा पिछले हफ्ते दुनिया की आबादी ने 8 अरब का आंकड़ा पार कर लिया। यूनाइटेड नेशन्स पॅापूलेशन फंड ने मंगलवार को इसका एलान किया। बहरहाल, इसके साथ ही उसने हम भारतीयों के लिए ध्यान देने वाला एक आंकड़ा और दिया है। यह आंकड़ा बताता है कि दुनिया की आबादी में 100 […]
Read More… from आबादी की चिंता की आड़ में सांप्रदायिक राजनीति!
रिपोर्ट : राजेंद्र शर्मा मोदी जी को इस देश को विश्व गुरु बनाने के लिए और क्या-क्या त्यागना पड़ेगा! पहले, भाई लोगों ने बेचारे से अच्छे दिनों का त्याग कराया। मजाल है, जो पिछले पांच-छ: साल में बेचारों ने एक बार भी अच्छे दिनों का जिक्र तक किया हो। वादा वगैरह करने की तो […]
रिपोर्ट : बादल सरोज तीन महीने पूरा कर चुकी ’भारत जोड़ो’ यात्रा 20 नवम्बर को सप्ताह भर के लिए मध्यप्रदेश में प्रवेश कर चुकी है। यह यात्रा हमारे कालखंड की एक महत्वपूर्ण और विशिष्ट घटना है। इसे सरासर खारिज करने या दोनों बाँहें फैलाकर गले लगाने की दोनों अतियों से बचते हुए इसे पायथागोरस […]
Read More… from भारत जोड़ो’ यात्रा : जाना किधर है? मंजिल कहाँ है??
रिपोर्ट : राजेंद्र शर्मा इंडिया में शरीफ आदमी की गुजर ही नहीं है। कुछ करे तो मुश्किल, नहीं करे तो मुश्किल। अपने मोदी जी चुनाव सभाओं में हाथ उठा-उठाकर वचन देते हैं, मैंने ये दिया, मैंने वो दिया, पर उसके लिए कभी थैंक यू मिलते देखा है? वोट कभी मिल भी जाए, पर थैंक […]

रिपोर्ट : दीपक कुमार त्यागी स्वतंत्र पत्रकार घृतकम्बल हेतु ज्योतिर्मठ की ओर से 235 वर्ष पुरानी परम्परा की पुनः शुरुआत की 1787 के बाद आज पूज्यपाद ज्योतिष्पीठाधीश्वर जगद्गुरु शंकराचार्य स्वामिश्रीः अविमुक्तेश्वरानंदः सरस्वती जी महाराज ने आज भगवान बदरीविशाल के शीतकालीन कपाट बन्द होते समय भगवान के विग्रह को घृत कम्बल हेतु शुद्ध गाय […]
रिपोर्ट : बादल सरोज यह समय जोरदार समय है। यह समय आजमाई और मुफीद समझी जाने वाली लोकोक्तियों, कहावतों और मुहावरों के पुराना पड़ जाने का समय है। वैसे विसंगतियों और एकदम उलट बर्ताब के लिए सामान्य रूप से प्रचलित कहावतों, मुहावरों में “शैतान के मुंह से कुरआन की आयतें” या “रावण का साधुवेश […]
Read More… from वर्ण और जाति मुक्त भारत का संघी अभियान : नौ सौ चूहे खाके बिल्ली का हज करने का ऐलान
रिपोर्ट : राजेंद्र शर्मा भाई, कम-से-कम अब यह झूठा प्रचार बंद होना चाहिए कि भगवाइयों को अपने पूरे कुनबे में दूसरा कोई वीर मिला नहीं, इसलिए धो-पोंछकर सावरकर को ही वीर बनाने में लगे रहते हैं। माफीनामों का, तगड़ी पेंशन का, गोरे राज की सेवा का और यहां तक कि गांधी मर्डर का कितना भी […]
रिपोर्ट : राजेंद्र शर्मा कोई तो इन हिमाचलियों को समझाओ। बेकार की जिद पकड़कर बैठे हुए हैं। कहते हैं कि हमारी यही परंपरा है। आज की नहीं‚ पुरानी परंपरा है। पीढ़ियों से चली आती परंपरा। चुनाव हुआ और सरकार बदली। इस बार भी वही करेंगे। मोदी जी की भी नहीं मान रहे। कहते हैं कि […]
