गोंडा/ जच्चा-बच्चा के स्वास्थ्य को लेकर अब एक और पहल की जा रही है। जिले के पांच और सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों की सुविधाओं का विस्तार किया जा रहा है। इन्हें फर्स्ट रेफरल यूनिट (एफआरयू) बनाने की योजना है। जिससे यहां
गोंडा/बेहतर होगा मातृ स्वास्थ्य, पांच और सीएचसी होंगी एफआरयू


